tuesday, june 13, 2017
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लुधियाना(राजीव त्रिखा)

लुधियाना पाहवा हॉस्पिटल के बाहर नारे लगाते मरीज़ के रिश्तेदार मामला एक महीने पहले कर दी डिलीवरी,

टीम डिजिटल/ ( दैनिक उजाला,लुधियाना) june 13, 2017 04:30 pm
Reported By : राजीव त्रिखा,लुधियाना

लुधियाना-13जून(त्रिखा/खुल्लर)आजपाहवा हॉस्पिटल के सामने मरीज़ दीक्षा के रिस्तेदारो ने लगाए पाहवा हॉस्पिटल बंद करो के नारे मरीज़ की भाभी संगीता का कहना था की मरीज़ की डिलीवरी एक महीना पहले कर दी थी जब की डिलीवरी डेट 10 जुलाई की थी संगीता ने कहा की मरीज़ का केस लेडी डॉक्टर सरोज अग्रवाल के पास था लेकिन जिस दिन डिलीवरी हुई उस दिन डॉ सरोज छुट्टी पर थी और किसी और लेडी डॉक्टर ने डिलीवरी की संगीता का कहना था की वो मरीज़ को चेक करवाने पाहवा हॉस्पिटल गए थे लेकिन इन्होंने मरीज़ को एडमिट ही कर लिया और गुलुकोस लगा दिया डिलीवरी के बाद हॉस्पिटल में बच्चे की अच्छी तरह देखभाल भी नही की गई माँ को छुटी देने के बाद डॉक्टर ने कहा बच्चा सीरियस है इसे दीप हॉस्पिटल ले जाओ ■इस के बाद दैनिक उजाला के एडिटर राजीव त्रिखा की डा सरोज अग्रवाल से बात हुई उन्होंने कहा की नार्मल डिलीवरी हुई है बच्चे का वेट दो किलो तीन सौ ग्राम है टेस्ट में बच्चे को हार्ड डिसीस की प्रॉब्लम आयी है जिस वजे से बच्चे को ऑक्सीजन लेने में प्रॉब्लम आ रही थी जो धीरे धीरे रिकवर होनी थी डॉ सरोज ने बताया की जो बच्चे को हार्ड डेंसीस की प्रॉब्लम है इस मे हार्ड की कुछ नसे ब्लॉक हो जाती है जो सर्जरी से ही ठीक होती है डॉ सरोज ने कहा की हॉस्पिटल में हर तरह की मशीनरी और सुविधा है जिस से बच्चे का ईलाज यहाँ भी हो सकता था लेकिन मरीज़ के रिश्तेदार बच्चे को छुटी करा के दीप हॉस्पिटल ले गए डॉ सरोज ने कहा हमारे पास ऐसे भी कई केस आते है जिस में आठवे महीने में भी डिलीवरी की जाती है